read russian tennis star Maria Sharapova emotional story – बचपन में मुफलिसी में कटे मारिया शारापोवा दिन, पिता के पास नहीं थे घर चलाने तक को पैसे

रूस की स्टार टेनिस खिलाड़ी मारिया शारापोवा ने 35 डब्ल्यूटीए टाइटल्स जीते हैं, जिसमें चारों ग्रैंड स्लैम शामिल हैं। वह साल 2005 में दुनिया की नंबर 1 महिला टेनिस खिलाड़ी भी रह चुकी हैं। क्या आप जानते हैं कि इस टेनिस सुंदरी का बचपन काफी अभावों में बीता था। आलम ये रहा कि पिता की नौकरी छूट चुकी थी। हालात ये हो गए कि घर चलाने तक को पैसे नहीं बचे। पिता ने परिस्थितियों से उबरने के लिए कई छोटी-छोटी नौकरियां कीं।

जब शारापोवा 6 साल की हुईं तो अकेडमी ज्वाइन करने के लिए पैसों की किल्लत सामने आ गई। रूस में टेनिस की ज्यादा सुविधाएं नहीं थीं तो पिता जॉब छोड़ अमेरिका चले गए।

कुछ समय बाद मारिया एक टेनिस अकादमी से जुड़ गईं। यहां उन्हें स्कॉलरशिप भी मिलने लगी। इसी अकादमी में शारापोवा ने पहली बार सेरेना और वीनस विलियम्स को खेलते देखा था। शारापोवा ने सन् 2001 में प्रोफेशनल टेनिस खेलना शुरू किया। टेनिस स्किल इतनी शानदार रही कि महज 17 साल की उम्र में विंबलडन फाइनल में अमेरिकन टेनिस स्टार सेरेना विलियम्स को हरा सनसनी मचा दी थी।

संबंधित खबरें

बता दें कि पूर्व वर्ल्ड चैंपियन मारिया शारापोवा पर ड्रग्स लेने के आरोप में दो साल का बैन लग चुका है, जिसके बाद से वो टेनिस कोर्ट से बाहर रह चुकी हैं। इंटरनेशनल टेनिस फेडरेशन ने रूसी टेनिस स्टार मारिया को दो साल के लिए उन पर बैन लगा दिया था। हालांकि अक्टूबर में इस बैन को 15 महीने का कर दिया गया। इस साल 25 अप्रैल 2017 को उनका बैन खत्म हो गया।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *