हिंदी न्यूज़ – क्रिस्टल टावर के निवासी आग से जीवित बचने के लिए 10 साल की इस लड़की के कर्जदार हैं-Residents of Mumbai’s Crystal Tower Owe Their Lives to This 10-Year-old Girl’s Damp Cotton Trick

मुंबई के क्रिस्टल टावर में बुधवार को आग लग गई जिसमें दम घुटने से 4 लोगों की मौत हो गई. वहीं इस दौरान 10 साल की एक लड़की ने स्कूल में दी गई सीख का पालन किया और कई जानों को बचाकर हीरो बन गई.

ईद की छुट्टी के चलते 10 साल की यह लड़की आग लगने के वक्त झपकी ले रही थी. जब उसकी नींद खुली तो चारों तरफ धुंआ ही धुंआ था और पड़ोसियों में भगदड़ मची हुई थी. इसके बाद लड़की ने कुछ ऐसा किया जो किसी व्यस्क ने नहीं किया.

10 साल की बच्ची जेन सदावरते को अपने स्कूल के टीचर से आपदा प्रबंधन के बारे में जो भी जानकारी मिली थी उसने उनका उपयोग किया, उनमें एक सीख आपदा के दौरान ‘शांत रहना’ भी थी.

स्कूल में मिली सीख के आधार पर जेन ने एक रुंई की पट्टी ली उसे पानी में भिगाया और सांस लेने के लिए इसे नाक और मुंह पर रख दिया. उसकी योजना सफल रही तो उसने घुटन से बचने के लिए अपने परिवार को भी यहीं करने की सलाह दी.जेन ने कहा, “मुझे तुरंत याद आया कि जब भी इस तरह की आपदा आती है तो मेरे टीचर्स ने स्कूल में क्या सिखाया था. अपनी सांस को कंट्रोल करो, शांत रहो और स्थिति को देखो.” जेन ने यहीं किया.

घुटन से बचने के लिए अपनी योजना तैयार करने के लिए जेन ने स्कूल में दी गई सीख और अपनी रिसर्च को एकसाथ मिलाया. “जब भी आग लगती है तो वहां कार्बन होता है जिसके परिणामस्वरुप कम दिखने लगता है और सांस लेने में तकलीफ होने लगती है. इसलिए मैंने थोड़ी रूंई ली और इसे पानी में भिगाया और सांस में कार्बन को रोकने के लिए इसे मुंह और नाक पर रखा”, जेन ने कहा.

ये भी पढ़ें: मुंबई आग हादसा: पब के 2 मैनजर गिरफ्तार, मालिक अभी भी फरार

जेन ने यहीं विधि अपने पड़ोसियों को भी बताई जिसने 17 मंजिला इमारत में उन्हें 16 मिनट तक जीवित रहने में मदद की.

संकट के दौरान उसके दिमाग पर क्या चल रहा था यह पूछे जाने पर जेन ने कहा, “मेरे दिमाग में कुछ भी नहीं चल रहा था. मैंने स्थिति को दोबारा देखा और उसके हिसाब से काम किया. हालांकि मैं उन सभी लोगों के लिए दुखी हूं जिनकी इस हादसे में जान चली गई.”

Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *